ग्रेटर नोएडा बिसरख थाना पुलिस और STF पुलिस को साल के पहले दिन पुलिस के संयुक्त ऑपरेशन में हुई मुठभेड़ 1 लाख का इनामी कपिल बसी नमुठभेड़ के दौरान हुआ ढेर । ( अनिल गुप्ता की खास रिपोर्ट गाजियाबाद )


( ग्रेटर नोएडा बिसरख थाना पुलिस और STF पुलिस को साल के पहले दिन पुलिस के संयुक्त ऑपरेशन में हुई मुठभेड़ 1 लाख का इनामी कपिल बसी नमुठभेड़ के दौरान हुआ ढेर )
नोएडा बिसरख थाना पुलिस और STF से हुई मुठभेड़ में मारा गया कपिल। योगेश बड़ौदा और सुनील राठी का शार्प शूटर था कपिल।STF और पुलिस के संयुक्त ऑपरेशन में हुई मुठभेड़। बागपत में डबल मर्डर में लंबे समय से चल रहा था फरार।40 से अधिक मुकदमे दर्ज है बदमाश पर।बिसरख थाना के राइस मील के पास हुई मुठभेड़। UP STF और पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में योगेश बड़ौदा गैंग का शार्प शूटर कपिल बसी मुठभेड़ के दौरान हुआ ढेर,2,.99 MM की पिस्टल पुलिस ने की बरामद,1 फरवरी 2022 को बागपत में दोहरे हत्याकांड को दिया था अंजाम,बदमाश पर दर्जनों मुकदमे है दर्ज ।
ग्रेटर नोएडा : गौतमबुद्ध नगर से बड़ी खबर है। ग्रेटर नोएडा वेस्ट में यूपी एसटीएफ और बदमाशों के बीच अब से थोड़ी देर पहले मुठभेड़ हुई है। इस मुठभेड़ में एक लाख रुपये का इनामी बदमाश मारा गया है। साल के पहले ही दिन शहर में कुख्यात बदमाश को पुलिस ने मार गिराया है। एसटीएफ और गौतमबुद्ध नगर पुलिस से पूरी जानकारी मिलने का इंतजार किया जा रहा है। योगेश भदौड़ा गैंग का शार्प शूटर मारा गया यूपी एसटीएफ से मिली शुरुआती जानकारी के मुताबिक मुठभेड़ में मारे गए बदमाश की पहचान कपिल के रूप में हुई है। यह मेरठ के योगेश भदौड़ा गैंग का शार्प शूटर था। बागपत में पिछले दिनों हुए डबल मर्डर केस में वांटेड चल रहा था। कपिल के खिलाफ करीब 45 मुकदमे दर्ज हैं। इनमें हत्या, हत्या का प्रयास, लूट, डकैती और अपहरण जैसे संगीन मामले हैं।खेकड़ा में रंजिशन दादा-पोते को मौत के घाट उतारा खेकड़ा (बागपत) थानाक्षेत्र के बसी गांव के जंगल में 1 फरवरी 2022 की सुबह दिनदहाड़े दादा-पोते की गोलियों से भूनकर हत्या कर दी गई थी। वे दोनों खेत से गन्ना लदी ट्रैक्टर-ट्रॉली लेकर चीनी मिल जा रहे थे। इसी दौरान दोनों को करीब 15-15 गोलियां मारी गई थीं। बसी गांव के किसान सत सिंह (80 वर्ष) और उनका पोता मनदीप (20 वर्ष) उस दिन सुबह ट्रैक्टर-ट्रॉली लेकर खेत से गन्ना लेने गए थे। वहां से गन्ना लेकर लौटते समय गोशाला के समीप उन पर अंधाधुंध गोलियां चलाई गई थीं। दोनों ट्रैक्टर से नीचे भी नहीं उतर सके। उनकी मौके पर ही मौत हो गई थी। दोनों को करीब 15 गोलियां मारी गई थीं।
