शाहजहांपुर थाना रूदौली पुलिस द्वारा चेकिंग/दबिश के दौरान चोरी किए गए 25 एंड्रॉयड मोबाइल बरामद कर 02 नाबालिग बच्चों सहित 03 अभियुक्तों को किया गया गिरफ्तार। ( पुष्पेन्द्र दूबे की खास रिपोर्ट शाहजहांपुर )


( थाना रूदौली पुलिस द्वारा चेकिंग/दबिश के दौरान चोरी किए गए 25 एंड्रॉयड मोबाइल बरामद कर 02 नाबालिग बच्चों सहित 03 अभियुक्तों को किया गया गिरफ्तार )
शाहजहाँपुर थाना सिधौली पुलिस ने चोरी किये गये 25 अदद एन्ड्रायड मोबाइल विभिन्न कम्पनी विभिन्न रंग (जिनकी कीमत करीब चार लाख रुपये) बरामद कर 03 अभियुक्त व 02 बाल अपचारी गिरफ्तार किए। उ0नि0 रणजीत बहादुर सिंह मय हमराही फोर्स को द्वारा मुखबिर सूचना मिली कि ग्राम मुर्छा में स्थित दुर्गा मंदिर के पास 05 व्यक्ति मोटर साइकिल लिये खड़े हैं, जिनके पास चोरी के मोबाइल हैं । जिन्हें बेचने के फिराक में खड़े हैं, यदि जल्दी की जाये तो पकड़े जा सकते हैं । मुखबिर की सूचना पर अभियुक्तगण 1. नासिर पुत्र अहमद अली अंसारी निवासी मोहल्ला आजाद नागर थाना टाउन जिला साहिबगंज, झारखण्ड 2. हफीज पुत्र शेख दुक्खू निवासी महराजपुर मोतीझरना थाना तालझाड़ी जिला साहिबगंज ,झारखण्ड 3. प्रदीप उर्फ बुच्चा पुत्र तनका नोनिया निवासी बाबूपुरवा थाना राजमहल जिला साहिबगंज झारखण्ड व दो बाल अपचारी को समय करीब 9 बजे गिरफ्तार किया गया । पकड़े गये अभियुक्तगण से पूछा गया तो उन्होंने बताया कि हफीज एवं प्रदीप अन्य तीनों नासिर व दो बच्चों को अपने जिले से यहाँ लेकर आये थे । नासिर मोटर साइकिल चलाने का काम करता है, जिसे हफीज एवं प्रदीप पन्द्रह हजार रुपये महीना देते हैं व दो बच्चो को जिनकी उम्र करीब 14 वर्ष व 10 वर्ष है, को मोटर साइकिल पर बैठाकर शहर के आस पास के साप्ताहिक बाजारों में छोड़ देते हैं, जहाँ वह गाँव से आने वाले व्यक्ति जब खरीदारी में व्यस्त होते हैं तो उनके जेब से मोबाइल फोन चुरा लेते हैं और यदि कभी पकड़े जाते हैं तो जनता के लोग छोटा बच्चा समझकर डांट फंटकार या मार पीट कर भगा देते हैं तथा हम पुलिस कार्यवाही से बच जाते हैं । पुलिस कार्यवाही से बचने के लिए ही हम लोग छोटे बच्चों से चोरी कराते हैं । हम उन्हें प्रत्येक मोबाइल पर 500 रुपये देते हैं तथा हफीज ने बताया कि दो अथवा तीन लोग मोटरसाइकिल से आते जाते है तथा बाकी लोग टेम्पो टैक्सी से पहुचते है, वह औऱ प्रदीप पुराने कपड़े लेकर वहीं आस पास फेरी लगाते हैं और बच्चों पर नजर रखते हैं । काम होने पर अथवा पकड़े जाने पर हम लोग वहाँ से हट जाते हैं और नासिर जो मोटर साइकिल पर रहता है वह दूर जाकर बच्चों का इंतजार करता है जैसे ही वह आते हैं उन्हे साथ लेकर चला जाता है । हम लोग टैम्पो टैक्सी से अपने अड्डे पर चले जाते है । हम अपना स्थान बदलते रहते हैं ।
