उत्तर प्रदेश औरैया थाना अयाना क्षेत्रान्तर्गत विगत दिनों 08 वर्षीय मासूम बच्ची से दुष्कर्म करने के बाद मौत के घाट उतारने वाले आरोपी को माननीय न्यायालय द्वारा सुनाई गई फांसी की सजा ‌। ( पंकज सिंह राणावत की खास रिपोर्ट )

 

( थाना अयाना क्षेत्रान्तर्गत विगत दिनों 08 वर्षीय मासूम बच्ची से दुष्कर्म करने के बाद मौत के घाट उतारने वाले आरोपी को माननीय न्यायालय द्वारा सुनाई गई फांसी की सजा )

उत्तर प्रदेश औरैया थाना अयाना क्षेत्रान्तर्गत दिनांक 25.03.2023 को 08 वर्षीय गुड़िया (काल्पनिक नाम) के साथ बलात्कार व निर्मम हत्या के दोषी को माननीय न्यायालय द्वारा सुनाई गयी फाँसी की सजातीन माह पहले नाबालिका बालिका के साथ दुष्कर्म के बाद हत्या किये जाने के मामले में आरोपी को आज बुधवार को सजा सुनाई जाएगी। पुलिस की तत्परता की वजह से मृतका के परिजनों को न्याय मिलने की उम्मीद जागी है। बता दें कि आरोपी की गिरफ्तारी के बाद जब उसे मेडिकल परीक्षण के बाद वापस आते समय आरोपी ने दारोगा की पिस्टल छीनकर भागने का भी प्रयास किया था। 25 मार्च को थाना अयाना में बालिका के साथ दुष्कर्म के बाद हत्या किये जाने की रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। पुलिस द्वारा गुमशुदा की तलाश जारी की गई थी। घटना की गंभीरता के दृष्टिगत व नाबालिक बच्ची को सकुशल बरामद करने के लिए एसपी चारू निगम व अपर पुलिस अधीक्षक दिगम्बर कुशवाहा व क्षेत्राधिकारी अजीतमल भरत पासवान मय पुलिस टीम द्वारा घटनास्थल का गहनता पूर्वक निरीक्षण किया गया। साक्ष्यों के आधार पर कई संदिग्ध व्यक्तियों को पुलिस हिरासत में लेकर पूछताछ की गई, जिसमें बालिका के गांव में चल रही आटा चक्की पर काम करने वाले गौतम से भी पूछताछ की गई। इसी दौरान कुशल इंटेरोगेशन में आरोपी गौतम सिंह पुत्र राजेन्द्र प्रसाद दोहरे ने घटना कारित करना कुबूल किया तथा आरोपी की निशानदेही पर गुडिया के शव को बरामद किया गया था। गांव के लोग जब बच्ची को दिन-रात ढूंढते रहे तब इस शातिर आरोपी के द्वारा बालिका के शव को एक जगह से दूसरी जगह छुपा दिया गया था। एसपी ने बताया कि आरोपी की गिरफ्तारी के बाद मेडिकल जांच से वापस आते समय पिस्टल छीन कर फायर किया था और पुलिस मुठभेड़ में घायल हुआ था। पुलिस द्वारा त्वरित कार्यवाही कर आठ दिन के भीतर चार्ज शीट न्यायालय प्रेषित की गई।पुलिस द्वारा की गई गहन पैरवी के फलस्वरुप तीन माह में न्यायालय द्वारा निर्णय को सुरक्षित किया गया। 28 जून को निर्णय सुनाये जाने हेतु तिथि नियत की। अपर पुलिस महानिदेशक कानपुर जोन कानपुर आलोक कुमार सिंह व पुलिस महानिरीक्षक रेन्ज कानपुर प्रशान्त कुमार के कुशल मार्गदर्शन में नाबालिग के साथ दुष्कर्म करने जैसे जघन्य अपराध में पुलिस अधीक्षक चारू निगम के निर्देशन में तथा क्षेत्राधिकारी अजीतमल के नेतृत्व में थाना अयाना पुलिस टीम स्तर से प्रभावी पैरवी की गई व समस्त गवाहों को समय से न्यायालय के समक्ष उपस्थित कराया गया। साथ ही विशेष लोक अभियोजक द्वारा प्रभावी पैरवी की गई। अभियोजन व पुलिस की प्रभावी पैरवी कर तीन माह में निर्णय कराया गया। 8 वर्षीय मासूम बालिका के बलात्कारी को दी गई मौत की सजा 8 वर्षीय मासूम बालिका के साथ बलात्कार कर उसकी हत्या के दोषी को विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट ने सुनाया मौत की सजा,जिला शासकीय अधिवक्ता दंड अभिषेक मिश्र, विशेष लोक अभियोजक जितेंद्र सिंह तोमर, विशेष लोक अभियोजक पॉक्सो मृदुल मिश्र व वादी अधिवक्ता हरिशंकर शर्मा ने की थी दोषी को मृत्यु दंड दिए जाने की प्रार्थना, जब तक उसकी मौत न हो जाय तब तक लटकाया जाय फांसी के फंदे पर- जज,पुरुषों की उत्पत्ति ही महिलाओं से होती है, दोषी का कृत्य पशुओं से भी ज्यादा निंदनीय-जज, लड़कियां यदि खुले में नहीं घूम सकतीं तो फिर उनके लिए कौन सा स्थान- जज, भारतीय संस्कृति में स्त्री धर्म की मूल है, स्त्री के साथ ऐसा अपराध किसी भी धर्म व संस्कृति में मान्य नहीं- जज, भारतीय संस्कृति में बालिकाओं को नई शक्ति के सृजन की शसक्त नारी बताया गया है, लेकिन इस अपराधी उसका बचपन में ही जीवन खत्म कर दिया- जज।


 ( पंकज सिंह राणावत की खास रिपोर्ट )

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