वाराणसी एमएलसी की अध्यक्षता में कमिश्नरी सभागार में मण्डलायुक्त दीपक अग्रवाल तथा जिलाधिकारी कौशलराज शर्मा निजी अस्पतालों के बच्चों के डाक्टरों संग बैठक कर सम्भावित कोरोना की तीसरी लहर का सामना करने की तैयारी को लेकर की गयी बैठक दिया निर्देश। ( पंकज झां की खास रिपोर्ट )


वाराणसी एमएलसी ए.के.शर्मा की अध्यक्षता में आज कमिश्नरी सभागार में मण्डलायुक्त दीपक अग्रवाल तथा जिलाधिकारी कौशलराज शर्मा संग एक आवश्यक बैठक की गयी। जनपद के सरकारी और निजी अस्पतालों के बच्चों के डाक्टरों संग बैठक कर सम्भावित कोरोना की तीसरी लहर का सामना करने की तैयारी को लेकर गहन मंत्रणा की गयी। विशेषज्ञों के द्वारा यह सम्भावना जतायी जा रही है कि कोरोना की तीसरी वेव बच्चों को प्रभावित करेगी। इस लिये बच्चों के आईसीयू तथा इसमे प्रयोग किये जाने वाले आवश्यक उपकरण कि कौन-कौन से उपकरण कारगर साबित हो सकते हैं इनका विवरण तैयार करने के लिए गठित डाक्टरों की टीम से कहा गया है। इसके अलावा संक्रमण से पूर्व सुरक्षात्मक क्या-क्या विटामिन्स व दवायें दी जा सकती हैं उसकी सूची तैयार किया जाय जिससे संक्रमण होने से बचा जा सके। एमएलसी ए.के.शर्मा ने कहा कि मेडिकल के तीसरे और चौथे वर्ष के छात्रों को मास्टर ट्रेनर के द्वारा ट्रेनिंग दिलाये जाने का सुझाव दिया गया जिससे अधिक से अधिक मेडिकल डाक्टर उपलब्ध हो सकें क्यों कि आसपास के जिलों को शामिल करते हुए पूरे जोंन को सामने रख कर तैयारी की जा रही है। उन्होंने एक जून से बच्चों के सैम्पल कलेक्शन का कार्य शुरू करने तथा कल से ही बीएचयू के विशेषज्ञों को मास्टर ट्रेनर तैयार करने का निर्देश दिया। मण्डलायुक्त ने कहा कि बच्चों का इलाज करने वाले प्राइवेट अस्पताल, टेस्ट किट के द्वारा अपने अस्पताल में ही आरटीपीसीआर जांच हेतु सैम्पल कलेक्ट करके सीएमओ को उपलब्ध करायें।
उन्होंने बच्चों के प्रति पेरेंट्स को जागरूक करने तथा प्राइवेट अस्पतालों को अधिक से अधिक सर्विलांस बढ़ाये जाने के लिए भी कहा तथा एसओपी व प्रजेंटेशन भी तैयार करने किये जाने का सीएमओ को निर्देश दिया जिसके माध्यम से एहतियात और सुरक्षा सहित अन्य जानकारियां आम लोगों को दी जा सकें। एमएलसी द्वारा मण्डलायुक्त व जिलाधिकारी को निर्देशित किया गया कि बाहर से मंगाये जाने वाले सभी जरूरी उपकरणों, उपकरण बनाने वाली कंपनियों व उनके मूल्य के विवरण सहित सूची उपकरण विशेषज्ञों व डाक्टरों की टीम से तैयार करायें। जिससे उसे शासन को आगे की कार्यवाही हेतु भेजा जा सके।

( पंकज झां की खास रिपोर्ट )
